पोस्ट

सितंबर, 2019 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

वीर चक्र विजेता भागकर की गौरव गाथा। कारगिल युद्ध 12 जून 1999

वीर चक्र विजेता भागकर की गौरव गाथा, करगिल युद्ध में सबसे पहले 12 जून 1999 की रात को जीती थी तोलोलिंग पहाड़ी।
सेना का प्रक्रम देख तोलोलिंग से भाग छुटे थे पाकिस्तानी। करगिल युद्ध में 1999 में तोलोलिंग पहाड़ी को दुश्मनों से मुक्त करवाते समय शहीद हुए। वो रावण के वीर चक्र विजेता सूबेदार भंवरलाल भाकर के 21 वें शहादत दिवस पर उनके ग्राम रेवड़ी में, शहीद स्मारक पर श्रद्धांजलि सभा होगी भागकर दो राजपूताना रायफल्स में सूबेदार थे। उन्होंने 12 जून 1999 की रात तोलोलिंग पर दुश्मनो के बंकरों को नष्ट कर अद्भुत शौर्य दिखाया था।
तोलोलिंग की पहाड़ी पर तिरंगा फहराने वाले शहीद भंवरलाल भागकर के साथी झुंझुनूँ हॉल जयपुर निवासी नायक दिगेंद्र, कुमार ने बताया कि हमारी टुकड़ी में 10 जवान शामिल थे। 1999 में, कारगिल की पहाड़ियों पर खड़े लड़े गये। युद्ध मे पाक सेना पहाड़ी चोटी से तथा भारत की सेना जमीन से युद्ध कर रही थी, भारत की तरफ से लगभग 80 सैनिक फॉलो लिंक पहाड़ी मुक्त करवाने के प्रयास में वीर गति को प्राप्त हो चुके थे।
ऐसे में तत्कालीन जनरल ने पहाड़ी को जीतने का टास्क टू राजपूताना राइफल्स को दिया बटालियन ने, कर्…

मां करणी का प्रथम अवतार है नागौर की बेटी इंद्र बाईसा पुरुष भेस में घूमती थी, नवरात्रा में देश भर से आते हैं श्रद्धालु

चित्र
इंद्र बाईसा ग्राम खुड़द तहसील मकराना जिला नागौर नागौर जिले के मकराना के पास खुर्द ऐसा गांव है जहां एक बेटी की पूजा होती है। यहां जन में बैठी इंद्र बाईसा की ख्याति राजस्थान ही नहीं, देश भर में फैली है। इस गांव में करनी माता का मंदिर है जहां करणी माता के साथ उनकी उपासक आ रही इंद्र बाईसा की पूजा भी होती है। इंद्र बाईसा को चारण समाज की कुलदेवी आवड़ माता की चौथी एवं करणी माता की प्रथम अवतार भी माना जाता है। इंद्र बाईसा का जन्म आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की नवमी को सागर दान के घर बापू बाई की कोख से हुआ।बचपन में ही रह करणी माता की अनन्य भक्त थी एवं कहीं चमत्कार दिखाएं जिससे गांव वाले उन्हें माता का अवतार मानने लग गए। धीरे-धीरे देश प्रदेश में उनकी ख्याति फैली एवं लोग उनके दर्शनों को पहुंचने लग गए। नवरात्र के 9 दिन में यहां देशभर से चारण समाज के ढाई लाख से ज्यादा लोग पहुंचते हैं। 90 साल पहले विक्रम संवत 1988 में इंद्र बाईसा ने करणी माता का मंदिर बनवाया। वह बचपन से ही पुरुष परिधान पहनती थी। उन्होंने शादी नहीं की नीमराणा की। राजकुमारी के पैर ठीक होने पर मंदिर परिसर में ही उनके लिए लकड़ी की कोटडी ब…

स्वदेशी चंद्रयान तिरंगा लेकर चांद पर उतरने को तैयार, दुनिया की नजरें भारत पर

...लो छू लिया चांद              वैज्ञानिकों ने कहा- बेचैनी जरूर है, लेकिन                               किसी  बात का कोई भी नहीं 47 दिन लंबे सफर के बाद chandrayaan-2 अपने अंतिम चरण में पहुंच गया है। इसरो शुक्रवार और शनिवार के बीच की रात 1:30 से 2:30 के बीच चांद पर सिलेंडर की सॉफ्ट लैंडिंग करवाने की तैयारी में है। इसरो ने देर रात कहा कि चांद पर इस बहु प्रतीक्षित लैंडिंग के लिए सब कुछ तय योजना के मुताबिक चल रहा है।विक्रम के चांद पर उतरने के ऐतिहासिक पल का साक्षी बनने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और करीब 70 स्कूली छात्र भी बेंगलुरु के इसरो सेंटर पहुंचे। चांद के दक्षिणी ध्रुव पर उतरने का प्रयास करने वाला भारत पहला देश है। देश भर में इसरो का यह मिशन सफल होने की कामना की जा रही है। इसरो के वरिष्ठ विज्ञानी ने कहा पूरी की पूरी chandrayaan-2 की टीम में बेचैनी है। यह बहुत ही जटिल ऑपरेशन है और हर काम हम पहली बार कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि सेंसर, कंप्यूटर, कमांड सिस्टम सहित हर चीज सही तरीके से काम कर रही है। हमें भरोसा है कि सब कुछ सही होगा। अधिकारी ने बताया कि सॉफ्…

डेली लाइफ में इंटेलिजेंट कनेक्टिविटी लाएगा 5G

कल्पना कीजिए कि आप अपने घर के गैराज में कार में बैठते हैं और अपने मोबाइल में एक ऐप को प्रेस करते हैं जो एक सेंसर को इंफॉर्मेशन भेजता है और गैराज का दरवाजा खुल जाता है। आप बाहर निकलते हैं कि आपको अपने फेवरेट रेस्टोरेंट्स है ब्रेकफास्ट मेन्यु का मैसेज मिलता है। आप आर्डर प्लेस कर उसे रास्ते में पिक करते हैं। उसके बाद आप यूट्यूब से वॉइस कमांड के जरिए म्यूजिक स्ट्रीम करते हैं और अपने रोड पर ट्रैफिक की स्थिति पता करते हैं। यह कल्पना, टेलीकॉम पावर टेक्नोलॉजी की मदद से निकट भविष्य में हकीकत बन सकती है। 5जी की तेज कनेक्टिविटी और डाटा स्ट्रीमिंग स्पीड आपकी कार में ऑडियो स्ट्रीमिंग शुरु करती है इंटरनेट ऑफ थिंग्स से आपके गैराज के दरवाजे को इंफॉर्मेशन मिलती है और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस बैकग्राउंड में काम करते हुए रेलवे इंफॉर्मेशन आप तक पहुंच जाती है जिसका उदाहरण है वह ब्रेकफास्ट मेनू जो आपके पास ठीक उस वक्त पहुंचता जब आपको उसकी जरूरत थी। यह है टेलीकॉम की संभोग बनाई सर्वश्रेष्ठ इंटेलिजेंस कनेक्टिविटी।


                                    5G लाएगा
                             डिजिटल रिवोल्यूशन

अत्याध…

बालाकोट एयर स्ट्राइक के 6 महीने बाद मिशन के चीफ पहली बार बता रहे हैं उस रात की पूरी कहानी

एयर स्ट्राइक की रात 12:00 बजे घर पर बर्थडे केक काटा ताकि शक ना हो; फिर कंट्रोल रूम आकर मिशन पूरा किया: एयर मार्शल हरि स्ट्राइक का कंट्रोल रूम पश्चिमी कमान के प्रमुख सी. हरि कुमार संभाल रहे थे
पाकिस्तान के बालाकोट में इस साल 25 26 फरवरी की रात जिस एयर स्ट्राइक ने दुनिया को चौंका दिया था, उसे कमांड कर रहे एयर मार्शल श्री हरि कुमार हमले के 2 दिन बाद ही रिटायर हो गए। एयर मार्शल हरी ने भास्कर से बातचीत मैं मिशन से जुड़े सदस्यों का खुलासा किया। यह एयर स्ट्राइक के बाद मीडिया को दिया उनका पहला इंटरव्यू है। 39 साल की सेवा में 3300 घंटे लड़ाकू विमान उड़ा चुके एयर मार्शल हरि के लिए सेवा के आखिरी 15 दिन सबसे रोमांचक साबित हुए। यह वह समय था, जब उन्होंने एयर स्ट्राइक की रूपरेखा तैयार की और उसे अंजाम दिया। पैसे उनसे बातचीत के संपादित अंश... 
• स्ट्राइक का फैसला कब और कैसे लिया गया?  14 फरवरी को जब पुलवामा में हमला हुआ, उसी दिन एयरफोर्स चीफ ने मुझसे बात की। कहा कि हमारी भूमिका की जरूरत पड़ सकती है, इसलिए हमारे पास योजना होनी चाहिए। तभी कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी की बैठक हुई। उसमें एयर चीफ भी थे।चीफ…

बॉलीवुड फिल्मों का फैन हुआ अब अबू धाबी का शाही परिवार करेगा बॉलीवुड की फिल्मों में इन्वेस्टमेंट

फिल्म इंडस्ट्री का चमकदार फ्यूचर देखकर                                  कर रहे हैं निवेश   

शुक्रवार को मोर को की नोरा फतेही ने कहा था की बॉलीवुड पर मंदी का असर नहीं पड़ेगा। दुनियाभर से लोग यहां की फिल्मों में इन्वेस्ट करने को राजी है। उनकी बात संयोग से सच हो रही है। आगाज अबू धाबी से हो रहा है। वहां के शाही परिवार के शेख तेजाब बिन खलीफा बिन हमदान अन्ना है या का गौरांग दोषी के साथ ज्वाइंट वेंचर हुआ है। वह गौरांग के बैनर से बनने वाली 3 फिल्मों में पैसे इन्वेस्ट करेंगे। उन फिल्मों का निर्देश अनीस बजमी नीरज पाठक और अब्बास मस्तान करेंगे। उनके नाम 'आंखें रिटर्न्स', 'हैप्पी एनिवर्सरी' और 'इंडियंस इन डेंजर' है। गौरांग इससे पहले 'दीवार : लेट्स ब्रिंग आवर हीरोज होम', 'बवंडर' जैसी फिल्में बना चुके हैं। उनके पिता ने सच्चा झूठा नास्तिक दिल बेटा जैसी फिल्में प्रोड्यूस की थी।



     इन तीन फिल्मों में से एक लगाएंगे अपना पैसा   
•   अनीस बजमी की 'आंखे रिटर्न्स'
•   नीरज पाठक की 'हैप्पी एनिवर्सरी'
•   अब्बास मस्तान की 'इंडियंस इन डेंजर' फिल्म���…